शादी में किसे करें बेगाना?
- नाइट कर्फ्यू के आदेश आते ही शादी वाले घरों की चिंता और बढ़ी
- मेहमानों को लेकर भी पिछले साल सी स्थिति, रिश्ते खट्टे हो जाएंगे
- तारीख आगे बढ़ाने और बुकिंग कैंसिल कराने पर भी कर रहे विचार
ताजनगरी में में नाइट कर्फ्यू का आदेश आते ही उन लोगों की चिंता बढ़ गई है जो अपने बेटे-बेटियों की शादी का पूरा इंतजाम कर चुके हैं। हालांकि सहालग 21 से शुरू हैं, लेकिन नए आदेशों से चिंता की लकीरें जरूर नजर आ रही हैं। लोग कयास लगा रहे हैं कि कोरोना का कहर नहीं थमता है तो नाइट कर्फ्यू भी आगे बढ़ सकता है। मुश्किल में फंसे लागे समझ नहीं पा रहे कि क्या करें, कैसे करें, क्या होटल और शादी घर की बुकिंग निरस्त करें या मेहमानों की संख्या कैसे घटाएं? बैंड बाजा, लाइट, डीजे की बुकिंग का क्या करें? दूसरी ओर वेडिंग इंडस्ट्री से जुड़े लोग भी परेशान हो रहे हैं, क्योंकि उनके सामने भी आर्थिक संकट है।
नाइट कर्फ्यू के साथ ही शादियों को लेकर भी आदेश आ गए हैं। मेहमानों की संख्या को घटाकर खुले स्थानों पर 200 से 100 और बंद स्थानों पर 100 से 50 कर दिया गया है। शुभ मुहूर्त पर छाई कोरोना की काली छाया से शादी वाले घरों में एक साल पहले जैसी ही चिंता फिर देखी जा रही है। ताजनगरी में आज रात से कर्फ्यू लगा दिया जाएगा, जो अगले नौ दिनों तक रहेगा। शादियों व अन्य कार्यक्रमों को निपटाने के लिए रात 10 बजे तक का समय कर दिया है। ऐसे में अब संकट है कि अगर सीमित समय में सीमित संख्या में शादियां होंगी तो बरात तो निकलेगी, लेकिन बैंड बाजे की धुन के बिना ही और क्या नाइट कर्फ्यू आगे भी बढ़ सकता है।
कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ने की वजह से लगाई जा रहीं पाबंदियों के कारण एक बार फिर शादियों में न तो पहले जैसी रौनक दिखेगी और न ही शादी के आयोजन से जुड़े कारोबारियों की सही कमाई होगी।
डीजे वालों को भी परेशानी सताने लगी है। उनका कहना है कि पिछली शादी के लगन में भी बुकिंग नहीं हो पाई थी। इस बार जनवरी से तैयारी करके बैठे थे, लेकिन लगता है कोरोना की वजह से फिर संकट हो जाएगा। शादी वाले घरों में आलम यह है कि कार्ड छप चुके हैं, कई जगह बंटना भी शुरू हो गए हैं। जहां कार्ड बंट चुके हैं वे मेहमानों से मना कैसे करेंगे, जहां अभी कार्ड नहीं बंटे हैं वे लिस्ट को छोटी कैसे करेंगे। कई घरों में बुकिंग कैंसिल कराने और तारीख आगे बढ़ाने जैसा विचार विमर्श भी शुरू हो गया है।










