अखिलेश यादव कोरोना संक्रमित
समादवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव कोरोना संक्रमित हो गये हैं। उन्होंने खुद ट्वीट कर यह जानकारी दी। अखिलेश यादव ने ट्वीट करते हुये कहा कि आज मेरी कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। मैंने खुद को आईसोलेट कर लिया है और घर पर ही उपचार हो रहा है।
उन्होंने लोगों से आग्रह किया है कि पिछले दिनों जो लोग उनके सम्पर्क में आए हैं, वे भी अपनी जांच करा लें और जरूरत पड़ने पर आइसोलेट कर लें। यूपी में जिस तरह से कोरोना के मामले बढ़े हैं, उससे दहशत की स्थिति बन गई है। कोरोना वायरस का प्रकोप यूपी के सीएम ऑफिस तक पहुंच गया है। गौरतलब है कि इस वजह से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद को आइसोलेट कर लिया है। इससे पहले अखिलेश यादव ने कहा था कि उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण से हाहाकार मचा हुआ है। सरकारी स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई हैं।
कोरोना पर नियंत्रण का झूठा ढिंढोरा पीटने वाली भाजपा सरकार को जवाब देना होगा कि उसने लोगों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ क्यों किया? टीका, टेस्ट, डॉक्टर, बेड, एम्बुलेंस सबकी कमी है और टेस्ट रिपोर्ट समय से न मिलने से गम्भीर रूप से बीमार इलाज के लिए सड़कों पर तड़प रहे हैं। दवाओं की कालाबाजारी पर रोक नहीं। खुद सरकार के एक मंत्री ने चिट्ठी लिख कर कोरोना अवधि में बदइंतजामी के हालात बयान किए हैं। मुख्यमंत्री जी को क्या सबूत चाहिए?
खुद को किया आइसोलेट, संपर्क में आए लोगों से भी एकांतवास में जाने की अपील
कोरोना महामारी में कहीं कोई सुनवाई नहीं। जनता त्रस्त है परन्तु सरकार मदमस्त है। गोरखपुर में, राजधानी लखनऊ में और अतिविशिष्ट जनपद वाराणसी में हालात विचलित करने वाले हैं। बाबा राघव दास अस्पताल के बाहर संक्रमित युवक ढाई घंटे तड़पता रहा। अंतत: उसकी मौत हो गई। लखनऊ में मरीजों को एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल तक दौड़ाए जाने से कइयों ने रास्ते में दम तोड़ दिया। वेंटीलेटर और बेड के अभाव में गम्भीर मरीज तड़पते रहते हैं। यशभारती और पद्मश्री सम्मान से सम्मानित सुप्रसिद्ध लेखक श्री योगेश प्रवीण को तमाम प्रयासों के बाद भी समय से एम्बूलेंस नहीं मिल सकी और अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी सांसें उखड़ गई।










